देहाती औरत का बीएफ

छवि स्रोत,वीडियो बीएफ सेक्सी एक्स एक्स एक्स

तस्वीर का शीर्षक ,

बियफ भिडियो: देहाती औरत का बीएफ, तो मैंने उसके होंठों पर होंठ रख दिए। वो हल्का सा विरोध करने लगी तो मैंने उसके चूचों पर हाथ रख दिया और उन्हें दबाने लगा। वो फिर भी नाम मात्र का विरोध करती रही.

नई वाली बीएफ दिखाओ

मैं तुम्हारी गर्लफ्रेंड कैसे बन सकती हूँ?मैंने कहा- इसमें क्या है?तो उन्होंने कहा- नहीं यह गलत है. फुल हिंदी सेक्सी बीएफउस रात पप्पू से चुदवाने के बाद रूपा सहेली के घर जाने की बजाय वापस अपने घर गई.

कुछ देर बाद जब पानी से वह पूरा भीग चुकी, तब मैंने उसकी छोटी छोटी चुचियों को चूसना चालू कर दिया. रानी मुखर्जी का बीएफ वीडियोगुलशन जी ने सुपारा फँसा कर हल्का सा धक्का मारा तो लंड 2″ चुत में घुस गया और इस बार सुमन की बर्दाश्त की ताक़त हार गई, उसके मुँह से दर्द भरी चीख निकली और आँखों से आँसुओं की धारा बह गई.

उधर अमित अब दो उंगलियां माया की चुत में डाल चुका था और साथ ही साथ चुत के दाने को चूस रहा था.देहाती औरत का बीएफ: उन्होंने कभी गांड नहीं मरवाई थी तो मैंने आंटी को घोड़ी बनने को बोला और लंड गांड के छेद पर रखकर पेलने की कोशिश की.

कुछ पल हम दोनों यूं ही पड़े रहे फिर उसने अपने रूमाल से पूरा साफ किया.उसके बाद वो बिस्तर पर लेट गईं और उनके पेट की वजह से उनकी चूचियां दाएं बाँए हिल रही थीं.

होली में बीएफ - देहाती औरत का बीएफ

लड़का बोला- चल ना यार… तेरा दोस्त भी घूम आवगा, और तेरे बिना पहलवानी का मजा भी नहीं आता.दोस्तो मुझे बिल्कुल नहीं मालूम था कि मैं कहाँ पे हूँ, किस एरिया में हूँ.

उसने दरवाजा खिड़कियां बंद की, मैंने कहा- क्या कर रही हो?वो बोली- रुक बताती हूँ. देहाती औरत का बीएफ मैंने उस के होठों को चूसना शुरू किया जो लगभग गुलाबी से सूज कर नीले हो गए थे.

उन्होंने एक साथ दोहरे हमले से एवं बेड पर झुक कर हाथों का सहारा ले लिया.

देहाती औरत का बीएफ?

समा जाओ अपनी अदिति की प्यासी चूत में!” बहूरानी अपनी बांहों से मुझे कसते हुए बोली. मैंने बिल्कुल बेशरम होकर अंकल की जाँघ पर हाथ रख दिया और उनकी जीन्स के ऊपर से ही मैं उनके लंड को सहलाने लगी. फिर भी इस तगड़े झटके से मेरी थोड़ी सी पेंटी मेरी गांड की दरार के अन्दर चली गई.

प्लीज़ एक बार हटो तो सही!गुलशन जी हट गए तो सुमन उनके पास बैठ गई और शुरू से सारी बात उन्हें बताईं कि कैसे उसने उस रात उनकी और माँ की बात सुनी थी. इसने बड़ी बेरहमी से अपना पूरा का पूरा लंड मेरी चुत में घुसेड़ दिया था. बरखा वैसे ही लंड घुसवा कर संजय की छाती पर गांड ऊंची करते हुए लेट गई और पीछे से साहिल ने अपना मोटा लंड उसकी गांड में घुसा कर झटके देने लगा.

अब वो पप्पू को अपने सीने का पूरा मुआयना करवाती हुई बोली- हुम्म्म्म उम्म्म प्लीज़ और चूस… और चूस मेरे मम्मे और मसल भी उनको पप्पू. अब मैं अपना हाथ उसकी जांघों पर फिराता रहा और वो भी धीरे धीरे गरम हो रही थी, क्योंकि उसकी साँसें तेज हो रही थीं. पर इसका दिल आ गया यानि के मेरी छुट्टी?फ्रेंड मतलब?”उसने कहा- मेरी एक सहेली है.

गोल-गोल चूचे और उस पर छोटे से ब्राउन कलर के छोटी-छोटी किशमिश जैसे निप्पल टंके हुए थे. फिर?”फिर दो दिनों तक मैंने अपनी चुत की गर्म पानी से खूब सिकाई की तब कहीं जाकर मैं कुछ चलने फिरने के काबिल हुई.

मैंने विनीता की चूत की फाँक को चौड़ा कर उसमें अपने लंड का सुपाड़ा फँसाया और विनीता के जिस्म पर आ गया और उसके होठों को हल्के से चूमा और उसके कानों में फुसफुसाया- पेल दूँ डार्लिंग, लूट लूँ तेरी इज्जत?साली क्या बोलती.

उम्र 28 साल, लंड की लम्बाई साढ़े छह इंच और मोटाई तीन इंच है, जो मेरे ख्याल से एकदम परफेक्ट लंड साइज़ है.

फिर मैं भी उसके साथ आराम से टब में बैठ गया और उसकी चूचियों को चूसना चालू कर दिया. पर रजाई में कुछ नज़र नहीं आ रहा था तो मैंने मोबाइल की टॉर्च जला दी और उस की चूत चाटने लगा. मैं बालों को हटा कर उस के गालों को चूसने लगा तो वह बोली- प्लीज यहाँ निशान नहीं डालना.

उसने कहा- क्या तुम अपना कैमरा ऑन कर सकते हो?मैं एक मिनट के लिए तो सकपका गया. अमित ने माया की पीठ पे चुम्मियों की बौछार लगा दी और वो माया के हाथों को चूमता हुआ पीठ और बोबे के बीच वाली जगह चाटने लगा. एक हाथ से वो मेरे बदन को सहला रही थी और दूसरे हाथ से मेरे लंड को दबा रही थी.

रीना ने मेरी तरफ देखा तो मैंने कहा- जब से आपको देखा है, मैं कुछ खो सा गया हूँ, आप मुझे बहुत पसंद हो.

मैंने उसकी चूचियों को दबाना शुरू कर दिया और मैंने मजा लेकर अपनी बहन की गांड मारनी शुरू कर दी. शिशिर की उम्र 21 साल की है और कद 5 फुट 10 इंच का है वो एक बड़ा ही हैंडसम लड़का है. पप्पू अपनी टाँगें फ़ैला कर अंजान बनते हुए लंड को मसलता हुआ नीता का क्लीवेज देख कर बोला- अरे नीता, तेरी जैसी सैक्सी लड़की कसम से आज तक ना दिखी ना मिली.

फिर टाइम देखा तो दो बजने वाले थे, मुझे लगा कि ऐसे तो जागते जागते मैं पागल ही हो जाऊँगी. और सबसे मस्त बात कि इसके होंठों के ऊपर एक काला तिल था, जो इस अप्सरा की सुन्दरता को और ज़्यादा बढ़ा रहा था. वैसे भी उनके लंड चूसते चूसते मेरी चूत भी गीली हो गई थी या ऐसा कहना ठीक होगा उन हरामखोरों की हरकतें मुझे उत्तेज़ित कर रही थीं.

तेरी जैसी गर्म औरत आज तक मेरे लौड़े ने नहीं देखी… इसलिए मेरा लंड ऐसे फुँफकार रहा है.

बस फिर क्या था, मैंने बहूरानी के दोनों पैर अपने कन्धों पर रखे और उसकी दोनों चूचियां दबोच के चुदाई शुरू कर दी, पहले आराम से धीरे धीरे, फिर तेज और तेज फिर पूरी बेरहमी से. मेरे बाथरूम से बाहर आते ही मामी ने मुझे ऐसे देखा, जैसे वे मुझे पहली बार देख रही हों.

देहाती औरत का बीएफ ताकि सभी यहीं पास-पास चुदाई करें और एक-दूसरे को चुदाई करते हुए देख सकें. गांड मराई के तीसरे दिन बहू रानी का मूड अच्छा और खुश खुश सा दिखा, अतः मैंने शाम को रोमांटिक बनाने के लिए बहू रानी को आउटिंग पर ले जाने और बाहर ही डिनर करने का प्रस्ताव रखा जिसे बहूरानी ने तुरंत हंस कर मान लिया.

देहाती औरत का बीएफ मैंने पलट कर पूछा- मंदिर नहीं जाना है क्या?ममता ने न में सर हिलाया और शरारत पूर्ण मुस्कान के साथ बोली कि मंदिर वंदिर आप लोगों के लिए बना है, मैं तो दोंगिया नाला वाले पिकनिक स्पॉट जाऊँगी. पर वो ये बोल कर नहीं मानी कि अपने पापा की इज्जत गांव में बर्बाद नहीं कर सकती.

मैंने उसका पैर ऊपर किया और चुत में लंड डाल कर धीरे-धीरे उसकी चुत मारने लगा.

भोजपुरी सेक्सी वीडियो हीरोइन का

उसकी चूचियाँ बिल्कुल सीधी सख्त हो कर खड़ी थीं और निप्पल भी जैसे हार्ड हो गए थे. चाचा ने कुछ सामान ऊपर हाथ करके छप्पर की छान के नीचे रख दी और वो भी बाहर चले गए. मेरे बारे में ऐसा सोचता है?मैं- आप मुझे अच्छी लगती हो तो इसीलिए आपके बारे में सोचता हूँ इसमें गलत क्या है?चाची- आज तू मेरे पास मुझसे चिपक कर सोया था ना.

पापा बोले- छिनाल कहीं की तूने मेरा नाम मिट्टी में मिला दिया, कितना भरोसा था तुझ पर. बहुत कोशिशों के बावजूद मैं अपना लंड चाची की गांड में घुसाने में असफल रहा. अब अपने को रोक पाना मुझसे मुश्किल हो गया और मैं अनाड़ी की तरह इधर उधर हाथ मारने लगा.

अभी तक मैंने वंदिता को किस भी नहीं किया था तो मैं रात के बारे में सोच सोच कर रोमांचित होने लगा.

एक हाथ मैंने पैन्ट के अन्दर ही धीरे धीरे लौड़ा सहला रहा था और दूसरे हाथ को दीदी की लोअर के अन्दर फेरता रहा. उसने एक हाथ से राहुल के चेहरे को थाम रखा था और दूसरे से वो राहुल का मूसल लन्ड हिला रही थी. एक बात है नीता तेरी माँ जैसे लंड आज तक किसी ने नहीं चूसा, क्या मस्ती और लगन से चूसती है रूपा.

मैंने निप्पल चूसते हुआ एक तकिया लिया और अर्पिता की कमर के नीचे रखा. समझी… और उसके बाद तुझे बताऊँगा कि हम लड़के तेरी माँ को कैसे छेड़ते थे. उस दिन रात को भी हम तीनों ने मिलकर सेक्स किया। उस रात 4 बार तो मैं झड़ी और 4 बार मेरी सास और वह लड़की 3 बार झड़ी।उसके बाद से मैं और मेरी सास रोज सेक्स करने लगी, रोज चूत चाटने और चटवाने के मजे लेने लगी, फिर हम दोनों एक ही रूम में रहने लगी जिससे हम दोनों रोज रोज सेक्स कर सकें!आपको मेरी रियल लेस्बियन सेक्स स्टोरी कैसी लगी, जरूर बतायें, कमेन्ट जरूर करें।[emailprotected].

वैसे तो समाज की नज़रों में इन भाई बहनों के बीच में ये बिल्कुल ही नाजायज रिश्ते स्थापित हो चुके थे, पर इन तीनों भाई बहनों के लिए ये तो एकदम पवित्र प्रेम था. अब हम वहाँ से बाहर निकले तो हम लोगों ने निर्णय किया कि खाना भी बाहर ही खाएँगे.

चूंकि मेरी कद काठी ठीक ठाक रही थी, इसलिए लंड कुछ देर बाद अपना आकार लेने लगा था, जिसे देखकर अर्चना बार बार प्रसन्न हो रही थी. मैंने भी अपने कपड़े निकाल दिए और उसके ऊपर चढ़ गया, मैं लंड हिला कर बोला- अब तुम्हारी बारी है. मैंने फ़ौरन उसकी गांड में अपना लंड दे दिया और धक्के मारने लगा- बहुत चुदासी है आज, क्या मस्त गांड है तेरी.

मैं अपनी गर्ल फ्रेंड के साथ था तब वो मेरा लंड लगभग रोज़ चूसती थी पर कभी मेरा माल नहीं निकाल पायी.

मैंने भी देर न करते हुए भाभी की चूत में पहले ही धक्के में अपना लंड घुसाने की तैयारी की और साथ ही उनके मुँह में अपना मुँह लगा कर चूमने लगा. सलमा ने कहा कि उसका एक क्लासमेट शिशिर भी दिल्ली में एडमिशन के लिए दिल्ली जाने वाला है. चैन से बैठने भी नहीं देती और हाँ तुम निकल जाना, मैं एक घंटे में आ जाऊंगा.

क्या तू ऐसे ही अपनी बीवी को भी मसलता है? तो उसे रोज़ जन्नत नसीब होती होगी? अरे मेरा सीना हर किसी को दिखाने के लिए थोड़े ना है. एक हफ्ते में मैंने मौसी की चूत का भोसड़ा बना डाला था और कई बार गांड भी मार चुका था.

उसके बाद साथ में खाएँगे और उसके बाद फिर तेरी चुत को चाट कर चुदने को रेडी करूँगा. वो पप्पू की बांहों से छूटने की कोई कोशिश ना करते हुए बोली- ओह अच्छा! वैसे अंकल आप ज्यादा उम्र के नहीं लगते, आप तो पूरे जवान लगते हो. उस दिन रात को भी हम तीनों ने मिलकर सेक्स किया। उस रात 4 बार तो मैं झड़ी और 4 बार मेरी सास और वह लड़की 3 बार झड़ी।उसके बाद से मैं और मेरी सास रोज सेक्स करने लगी, रोज चूत चाटने और चटवाने के मजे लेने लगी, फिर हम दोनों एक ही रूम में रहने लगी जिससे हम दोनों रोज रोज सेक्स कर सकें!आपको मेरी रियल लेस्बियन सेक्स स्टोरी कैसी लगी, जरूर बतायें, कमेन्ट जरूर करें।[emailprotected].

सबसे प्यारा कौन है पापा

फिर धीरे धीरे उसकोपूरी नंगी कर दिया, वो मेरे सामने बिल्कुल नंगी लेटी हुई अपनी चुत को छुपा रही थी.

कुछ ही देर में जिसको मैं चोदने के ख्वाब सोचता था, वो मेरे सामने नंगी खड़ी थी. जल्दी से मेरे ऊपर आकर मेरे मम्मे कसके मसल और पूरे बदन को चूसना शुरू कर दे. मेरे चाचा की बेटी रश्मि की शादी थी मेरी चाची तो एक साल पहले ही गुजर गई थीं, इसलिये पापा को चाचा ने बोला था कि एक हफ्ता पहले माया और भाभी जी को घर पर काम के लिए भेज दो.

तभी ड्राइवर बोला कि गाड़ी खराब हो गई है, दूसरी गाड़ी आएगी तभी आप आगे जा सकते हैं. अब मैं कल रात की मैं अपनी रियल सेक्स कहानी, माँ और बहन की चुदाई की, लिख रही हूँ. बीएफ पिक्चर ओपन सेक्सीगहरी रात में मेरी नींद खुली तो मैं अर्चना के कसे हुए मम्मों को निहारने लगा और अगले ही अपना हाथ उसके मम्मों पर रख दिया.

वो दोनों हाथों से रूपा का ब्लाउज खींच कर उतारने लगा, जिससे उसका ब्लाउज फट गया. अच्छा, हम लोग तो प्रकाश कुल्फी में, कुल्फी खा रहे हैं, तुम यहीं आ जाओ.

ऐसे बेरहमी से घुसा दिया जैसे कोई बदला निकाल रहे हो मेरी चूत से!” बहू रानी चिढ़ कर बोली. वाह भाभी… वाह… तू तो बहुत सुन्दर है…” मैं उसकी नंगी केले के तने जैसी चिकनी जांघों, कमर, पेट पर चूम रहा था. फ्लॉरा- ये सब जाने दो अब आगे क्या करना है? हमारे घर वालों तक ये बात नहीं जानी चाहिए कि संजय हमारा दोस्त था.

मुझे समझते देर नहीं लगी कि ये कोई और नहीं मेरा मामा है, जो मामी के बगल में लेटा हुआ सोने का दिखावा कर रहा था. क्यूंकि वो मेरा पहला टाइम था तो मैंने बिना सोचे बोल दिया- आप कितना दे पाएंगी?वो बोली- दो दिन का बीस हजार दे सकूंगी. मुझे क्या ऐतराज हो सकता था, मैंने भी कह दिया- हाँ, जब तुम कहो, जहाँ कहोगे, मैं आ जाऊँगी, बस मुझे प्यार ऐसे ही करते रहना।उसके बाद हम आधी फिल्म बीच में ही छोड़ कर घर वापिस आ गए।मगर इससे पहले कि हमारा कोई प्रोग्राम बनता, उसके पापा का ट्रांसफर हो गया, वो मुझे छोड़ कर चला गया।मैं बहुत रोई, इसलिए नहीं कि मेरा बॉयफ्रेंड चला गया बल्कि इसलिए कि मेरे हाथ से चुदाई का मौका चला गया।कहानी जारी रहेगी.

और वो मेरे सीने का दाना ऐसे क्यों मसल रहे हो आप? लेकिन अंकल आपने बताया नहीं कि आप मम्मी को कैसे छेड़ते थे?नीता के हाथ हटा कर उसका सीना पूरा नंगा देख कर पप्पू झुक कर बारी बारी उसके निप्पल खूब अच्छे से चूसते हुए बोला- अरे वाह, यह अच्छा किया जो तूने कम से कम मुझे तो अपनी ब्रा और कप का साइज़ बता दिया नीता.

वैसे तो आपको यहाँ जो अनुभव मिलेगा वो पूरी दुनिया में कहीं नहीं मिलेगा। आप जो अनुभव अंदर लेंगी उसकी पूरी जिम्मेदारी आप की ही रहेगी। आपको ये सब बताना मेरा फर्ज था जो मैंने निभाया। अब आप तय कर लें कि आपको जाना है या नहीं।मैंने रिया की तरफ देखा, वो भी शायद सकते में थी. जोशना ने वापस आकर चिल्लाते हुए कहा- दोबारा मेरे मुँह में झड़े तो फ़िर कभी नहीं चोदने दूँगी.

आप आराम से बैठ जाइए और आगे कुछ मत पूछिएगा कि आप कहाँ पे हैं, किस एरिया में हैं. शॉर्ट्स से सिर्फ उसकी गांड ढकी थी, गोरी टाँगें साफ़ झलक रही थीं, बनियान नाभि तक आया था और टाइट होने से मम्मे उभरे हुए दिख रहे थे और नीता के कड़क निप्पल भी पप्पू को साफ़ दिख रहे थे. क्या कयामत थी यार; उसे ऊपर वाले ने बड़ी फुर्सत में बनाया थाउसके मम्मे बिल्कुल गोल गोल, एक हाथ में पूरे आ जाएं और उसके निप्पल जो लाल भूरे रंग के थे.

मैं खाना बना कर आठ बजे तक फ्री हो गयी और मामा जी की आने का इंतजार करने लगी. पहले तो मैं डर गया कि कहीं अर्चना मुझे पकड़ कर सबके सामने ले जाकर रात वाली बात न बता दे. अब मैं प्लान बनाने लगा था कि शादी हो न हो, उसके साथ अब सुहागरात जरूर मनाऊंगा.

देहाती औरत का बीएफ इस देसी कहानी के आगे भाग में नेहा की चूत की सील तोड़ चुदाई का मंजर पेश करूँगा. दोपहर को वर्षा वापस आई और खाना खाकर बोली- मुझे सर में दर्द है मुझे नींद आ रही है.

बेस्ट नॉन वेज जोक्स इन हिंदी

चूंकि हम लोग काफ़ी विदेश भी घूमे थे, ड्रेसिंग के मामले में काफ़ी फ्री थे, वो बीच पर बिकिनी में घूम रही थी. फिर मैंने अपने लंड का सुपाड़ा चाची की ग़ांड में टिकाकर धीरे से दबाया तो सुपारा उनकी गांड में घुस गया. उसके बाद तो तेरी शादी हो जाएगी, फिर तुझे अतुल के लंड से ही काम चलाना पड़ेगा.

उन्होंने अपनी दोनों टांगों से मेरे कमर को अपनी चूत में दबा दिया, जिससे मेरा लंड उनकी चूत में और गहराई तक चला गया और हम दोनों की आह निकल गई. जब से मैंने इसे तुम्हारी और मेरी चुदाई की बात बताई है, तब से ये भी तुम्हें चोदना चाहता था. सेक्सी बीएफ फिल्म वीडियो हिंदीएक समय था जब लोग यौन सम्बन्ध, नग्नता, प्रेमालाप के दौरान किये जाने वाले आलिंगन चुम्बन सब कुछ एकांत में या छुप के किया करते थे लेकिन अब नयी पीढ़ी में ये सब कुछ बदल रहा है सभी लोग तो नहीं लेकिन कुछ लोग यह सब खुलेआम करने लगे है, शेयर करने लगे हैं जो कि मैंने ऊपर लिखा है.

मैंने उसका लंड जुबान से चाटना शुरू किया ही था कि वह तेज गुस्से में बड़बड़ाने लगा और उसने मेरे गले तक लंड उतार दिया.

मैं बस उन की छाती में समा जाना चाह रही थी।वो धीरे धीरे नीचे जाने लगे। अभी बारिश भी थोड़ी तेज होने लगी थी, मैंने जीजू से कहा- जीजू, बारिश तेज हो गई है, अब क्या करें?तो उन्होंने कहा- मेरी जान, बारिश में ही तो चुदाई का असली मजा है, तुम तो बस अपनी चूत की चुदाई के मजे लो और मुझे चोदने दो. काजल ने झट से अपने दोनों हाथों से उसको पकड़ लिया और उसके साथ खेलने लगी.

साथ में उस के प्लाजो में टांगों के बीच उभरी उस की पकोड़ा सी चूत को हाथ से सहला रहा था और साथ ही उस के पटों पर हाथ फिरा रहा था. लड़के ने कहा- के होया फेर… उसनै बी गेल्याँ ले चल! (कोई बात नहीं, उस को भी साथ ले चल…)रवि बोला- यार कल रात को ही आया है, तुम लोग जाओ मैं कल आ जाऊँगा. आज तक दर्जनों कुंवारी कन्याओं की बुर खोल चुका हूँ, पर ऐसा दुबारा कभी महसूस नहीं हुआ और मैंने भी चरम सुख भोगते हुए बहन की बुर में अपना लावा छोड़ दिया, जिसकी अनुभूति से अर्चना भी खिलखिला कर हंसने लगी, साथ में मामी भी हंसने लगीं.

मंजूर है!मेरी बेटी बोली- ठीक है पापा आज आप जो कहोगे, वह मैं करूँगी.

मैंने कहा- माँ दीदी के उधर बाल क्यों हैं? उनकी चुत कहाँ गई?दीदी लेट गईं और उन्होंने कहा- माँ ने अपने बुर के बाल कटवा लिए हैं, इसलिए उनके बाल नहीं हैं. अनुराधा ने मेरी गोटियों को हाथ में लिया और कहा- इन्हें क्या कहते हैं?मैं- इन्हें बाल्स या आँड कहते हैं. फिर वाशरूम में जाकर सभी ने अपने आप को साफ़ किया और कपड़े पहन कर बातें करने लगे.

सेक्सी बीएफ वीडियो एचडी फुल एचडीतेरे साथ आऊँगा रूपा लेकिन मेरे वक्त की क्या कीमत देगी तू?पप्पू ने रूपा का हाथ कुछ ऐसे पकड़ा कि वो हाथ उसके लंड तो छू गया. मेरे मुँह से चीख निकलने ही वाली थी कि जय ने अपने हाथ से मेरा मुँह दबा दिया.

हम तो तंबू में बंबू लगाए बैठे

फिर मैं उनके मम्मों को थोड़ा जोर-जोर से दबाने लगा, इससे उनको थोड़ा दर्द होने लगा और वह ‘सीई इस्स. फिर थोड़ी देर बाद मैंने अपना पैर हिलाया तो मेरा पैर अंजलि के पैरों से टच हो गया, लेकिन उसने कुछ नहीं बोला. उनके चूचे कैसे होते हैं उसमें हड्डियां होती हैं या नहीं!इसी चक्कर में मैं अपनी बड़ी दीदी को… जब वो नहाने जाती थी.

हाँ बिल्कुल नहीं थी, क्योंकि मेरी जिन्दगी की नाव में छेद करने का साहस मुझ में नहीं था. मामी को पूरा मजा नहीं आ रहा था शायद रेणु का हाथ को देख नहीं पा रही थीं आखिर देखती कैसे होंठ मैं चूस रही थी और उनकी दोनों चूचियाँ को दो हब्शी लड़कियां खा रही थीं. रात को जब मौसी अपनी नंगी चूत लेकर मेरे पास आईं, तब मैंने उन्हें कोई तवज्जो नहीं दी.

इसी बहाने आप दोनों से बात भी हो जाएगी और आपके ब्वॉयफ्रेंड के बारे में भी मुझे पता लग जाएगा. अब तो जब भी मैं और इरफान सेक्स करते, उस वक्त मैं आँखें बंद करके चाचाजी को इमेजिन करती तो ही मैं संतुष्ट हो पाती. मैं खुश होकर बोली- ज़रा भी नहीं डियर…हमने उस रात बहुत मज़े से सेक्स किया.

मैंने उसे माफी मांगी, लेकिन उसने कातिलाना नजरों से मुस्कराकर कहा- यह मेरी गलती है. उसने कहा- क्या तुम अपना कैमरा ऑन कर सकते हो?मैं एक मिनट के लिए तो सकपका गया.

ईशा को लन्ड लिए काफी समय हो चुका जिसके कारण वो कुछ बेचैनी भरी मदहोश हो रही थी। उसके दिमाग में अभी भी अपने बॉस का मूसल लन्ड घूम रहा था।विक्रांत बाथरूम से बाहर आते हुए- अरे ईशा, तुम कब आयी?ईशा- बस अभी आयी सर, कोई काम है मेरे लिए?उसने जानबूझ कर थोड़ा झुकते हुए पूछा।विक्रांत की नज़र उसके उभरे हुए स्तनों की लकीर पर पड़ी.

उसके सी-कप चूचे बिल्कुल खड़े, सख़्त और चूसने के लिए एकदम तैयार दिख रहे थे. करिश्मा कपूर का सेक्सी बीएफ वीडियोऔर उन दोनों के टॉयलेट के निकलने से पहले ही मैं उस पार्टी को छोड़ कर चल दी और होटल से बाहर आ गई. हिंदी वाली बीएफ एचडीमैं और शिशिर नीचे की बर्थ पर थे और सलमा और वह अजनबी ऊपर की बर्थ पर. उफ्फ देख तूने मेरा हुक तोड़ दिया… अब मैं क्या करूँ? पप्पू बस में तुझसे अगर ऐतराज़ करना होता तो क्या मैं तुझे इतना खेलने देती? मेरा पति रात को आकर देखता है कि लड़कियाँ सोई नहीं तो बिना कुछ किये जा के सीधे खर्राटे लगाने लगता है.

?उसकी आह ऊह गूँज रही थी और मैं झटके से धक्के मार रहा था- ले मेरी जान ले मेरा लौड़ा और ले, कमीनी मेरा लौड़ा आज तेरी चूत फाड़ देगा…उसने रुक कर मुझे मिट्टी में धकेल दिया और मेरे ऊपर पैर फैला कर खड़ी हो गई- क्यों कभी जंगली नंगी रंडी देखी है?मैंने कहा- आजा मेरी प्राइवेट रंडी, ठरकी साली.

उसके नंगे बदन की तपिश मुझे जैसे झुलसाने लगी और मेरे हाथ उसके नंगे जिस्म को सब जगह सहलाने लगे. बहुत खोजने के बाद तीन बैंगन मिली जो मामा के लंड से थोड़ी पतली और लंबाई और थोड़ी कड़क मिली, मैं झट से घर में लाई और दरवाजा बंद कर दिया. वो मेरे एक निप्पल को उंगली से मींज रहा था, जिससे मुझे जन्नत का सा मजा मिल रहा था.

करीब दस मिनट तक गांड का गुन्जन करने के बाद दीपक भैया रीना की गांड में छूट गए और मैं भी रीना की चुत में झड़ गया. नहाने के दौरान हमने अपनी गांड के छेदों में उंगली डाल डाल कर सफाई की. इधर मनोज और नेहा पूरी स्पीड में चुदाई में मगन थे और अब मनोज नेहा की दोनों टांगें उठा कर चोद रहा था.

हिंदी जंगली सेक्स

किसी कुंवारी चूत की सील देखना अब मेरे अनुभव में शुमार हो गया था, तो मैंने उसकी पैक सील चूत खोल कर देख ली थी. उसके लंड की धार बहुत तेज थी, जिससे आधा वीर्य अपने आप पेट में चला गया. उनके बाथरूम में जाते ही चाचाजी ने पीछे से मुझे अपनी बांहों में भर लिया और मेरे मम्मों को दबाते हुए मेरी गरदन को चूमना शुरू कर दिया.

इतना सब करने पर उसने कोई आपत्ति नहीं जताई क्योंकि मैं अपना हाथ उसकी चड्डी में डाल चुका था और उस मूसल जैसे लंड को मुट्ठी में भरने की कोशिश कर रहा था और उसके आंड भी खुजा रहा था.

पप्पू को देखते हुए उसने कहा- हम्म छोड़ो उसे, जहाँ जितना करना है उतना ही करना.

मोना- आज मैं बहुत खुश हूँ गोपाल, जैसी लड़की मुझे चाहिए थी, वैसी मिल गई. जब तक श्वेता यहाँ थी, वो दोनों बहनें अक्सरचुदाई की बातेंकरती थीं, पर जबसे श्वेता हॉस्टल गई तब से वो अकेली पड़ गई थी. एक्स एक्स एक्स बीएफ भाभीफिर मुझे समझ आया कि पिचकारी के अंदर का पानी मेरी गांड में समा गया है, मैं तृप्त सी होने लगी, मेरी गांड में पिचकारी घुसे होने के बावजूद पानी गांड से लीक होने लगा, मुझे जोर से गांड के अंदर गुदगुदी होने लगी साथ ही साथ मेरी चूत भी खुजलने लगी थी, मैं बर्दाश्त से बाहर हो रही थी, अचानक से मैंने अपनी गांड को नीचे की ओर झटका दी, पिचकारी का पूरा नुकीला हिस्सा मेरी गांड में घुस गया.

सुमन- ओह पापा… आप कितने अच्छे हो इस्स… इतना प्यार कर रहे हो मुझे बहुत अच्छा लग रहा है… उई… काटो मत ना पापा. मेरी कामुकता इतनी बढ़ा गई थी कि मैं वहीं से ऑटो पकड़ कर उसी समय अंशुल गोयल के घर आ गई तो मुझे पूछने पर पता चला कि वो एक जिगोलो है और इस समय किसी क्लाइंट को अटेंड करने गया हुआ है. लगभग 15 मिनट की चुदाई के बाद जय ने अपना लंड निशा भाभी की गांड से निकाल कर भाभी की चूत में घुसा दिया और कुछ देर में झड़ गया.

मामी के मुँह से चीख न निकले इसलिए मैंने अपना लंड उनके मुँह में ठेल दिया. हमने साथ में रावण देखा, जहाँ मैं रावण को कम और उसे ज्यादा देख रहा था और बेझिझक होकर उसकेजिस्म की खुशबूभी ले रहा था.

मैं नींद में था तो उस वक़्त उस बात का मतलब नहीं समझा और मैंने अपने हाथों को मामी के शर्ट में डालने की कोशिश शुरू कर दी.

किस लड़की या भाभी को किस पोजीशन में लण्ड खाने सबसे ज्यादा मज़ा आएगा।[emailprotected]. पापा- बस कुछ देर की बात है जान, उसके बाद हमेशा के लिए तू मेरी हो जाएगी. फिर वो उठी और मेरे सड़के को कमोड में थूक दिया और फ्लश करके हम लोग कमरे में आ गए.

हिंदी में चुदाई दिखाओ बीएफ सुमन रोटी बना रही थी और उसकी गांड पीछे को निकली हुई थी, जिसे देख कर पापा जी का मन मचल गया, वो उसके पीछे गए और लंड को लुंगी से बाहर निकाल कर उन्होंने धीरे से सुमन की नाइटी ऊपर की. मैंने समझते हुए अपने लंड पर हाथ फेरा और कहा- ओह्ह्ह ये वाला?तभी कविता ने पास आकर मेरा लंड पकड़ लिया.

मैंने कहा- क्या हुआ?तो बोली- गुदगुदी हो रही है!मैंने फिर जीभ से उसकी चूत चाटने लगा, उसकी चूत से नमकीन पानी निकलने लगा, मैंने जीभ से चाट से साफ कर दिया, वो बोली- और चाटो जीजा जी, बहुत अच्छा लग रहा है, आई लव यू… जीजा जी, आप मुझे भी चोदना जैसे बड़े जीजा जी दीदी को चोदते हैं।मैंने कहा- क्यों नहीं, मैं भी तो यही चाहता हूँ. पप्पू अपनी जीभ रूपा के क्लीवेज पे घुमा कर पेटीकोट के नीचे हाथ डाल के एक हाथ से उसकी नंगी टाँगें सहलाते हुए और दूसरे हाथ से मम्मे ज़रा ज़ोर से मसलते हुए बोला- जल्दी तो नहीं रानी, बस तेरा गर्म और गोरा जिस्म नंगा देखने की ख्वाहिश है और कुछ नहीं. फिर वो थोड़ी देर रुका और धीमे धीमे धक्के लगाना शुरू किया और 5 मिनट बाद उसके धक्कों ने शताब्दी की तरह स्पीड पकड़ ली और वो मुझे तेज़ी से चोदने लगा।करीब 10 मिनट बाद फिर से मेरा बदन ऐंठने लगा और मैं फिर से झड़ गई लेकिन वो फिर भी मुझे लगातार पेलता रहा.

मद्रासी में सेक्सी

आज मुझे समझ आ रहा था कि ये प्यार नहीं, मेरे साथ प्यार में धोखा हुआ था. मैंने कहा- मेरे पास इसका कोई तरीका नहीं है कि मैं आपको ये सिद्ध करके बता सकूँ. !नीतू- आप जाओ दीदी, अगर जीजू मना भी करेंगे ना, तो भी मैं नहीं जाऊंगी.

उन्होंने कहा- आज तो तुम मुझसे ही काम चलाओ, कल मैं तुम्हारे लिए पिंकी को तैयार कर दूँगी. मैंने कहा- भाभी मैं कुछ कहूँ तो बुरा तो नहीं मानोगी न?वो बोली- नहीं.

एक लड़की मेरे निप्पलों को काटने लगी और तीसरी वाली मेरे लंड को पागलों की तरह चूसने लगी.

सुबह जब आँख खुली तो काम वाली लड़की चंदा, जिसके पास नीचे सीढ़ियों की एक चाबी होती थी, वह हर रोज़ की तरह कमरे में आ गई और उसने हम दोनों को बिल्कुल नंगे एक दूसरे की बाहों में देख लिया। वह हमें देख कर फ़ौरन बाहर निकल गई और किचन में काम करने लगी। परंतु जाते हुए कमरे से सारे बर्तन ले गई. हाँ भाई…सुरेश- मैं काजल की चूत देख सकता हूँ प्लीज? मैंने आज तक किसी लड़की की चूत नहीं देखी. रात डिनर लेने के बाद मामा मामी अपने कमरे में और मैं बहन के कमरे में सोने आ गया.

मैंने भी उसे अपने जिस्म से अलग नहीं होने दिया और उसके जिस्म की मदहोश खुशबू में डूब गया. मेरी ये सेक्स स्टोरी आज से दो साल पहले शुरू हुई थी, जब मैं 18 साल का नया नया जवान हुआ था. फिर राहुल ने मेरी गांड मारी और फिर दोनों ने मुझे गोद में लेकर एक साथ मेरी चुत और गांड मारी.

आगे बढ़ा दूँ?मामी ने मेरे पास आकर मेरे सर में हाथ रखा फिर मेरे कंधे पर हाथ रख कर बोलीं- देखो ना कितना मस्त किसिंग सीन चल रहा है.

देहाती औरत का बीएफ: मैंने उसकी ब्रा दोनों बाजुओ से निकाल दी और उसकी दोनों चुची को अपने दोनों हाथों से दबाने लगा. वो दोनों नहा कर नंगी ही बाहर आ गईं और बाबा की कामुक नज़र नीतू पर जम गई.

तो जीजू ने कहा- वो सरप्राइज तो मेरे घर में है, उसके लिए तुम्हें मेरे घर चलना होगा. तभी चाचा भी आए, मैं बीच वाली सीट में किनारे में बैठी थी चाचा मेरी तरफ आकर बैठ गए मुझे बोले- आरती थोड़ा खिसको!अब बीच वाली सीट में 4 लोग हो गए, दो लोग चाचा के दोस्त, मैं और चाचा… सभी सटे हुए बैठे थे. लेकिन आज मैं खुश भी बहुत था क्योंकि मेरी बहन जैसी सेक्सी लड़की किसी तो आसानी से नहीं मिलती.

चूंकि मेरा एग्जाम नज़दीक होने के करण मुझे घर पर रुकना पड़ा था। मम्मी ने आंटी से मेरा खाना वगैरह देखने के लिए बोल दिया।मुझे तो आंटी की चूत देखनी थी तो मैं इस इंतजाम से बहुत खुश था क्योंकि मुझे कोई मौक़ा मिल सकता था।अगले दिन सुबह जब आंटी दूध लेने गई थीं तब मैंने ऊपर जा कर उनकी बाथरूम के दरवाजे में.

मेरी पत्नी सेक्स के मज़े लेना बहुत जानती है और काफी बिंदास और बेबाक भी है. क्या बॉडी थी 36-28-36 की, नीचे के पुठ्ठे जैसे मुझे आमंत्रण दे रहे थे. यह एक खुली चुनौती थी तो सभी लड़कों ने किलकारी मार कर हमें उठा कर उधर ही पड़े सोफे पे जा पटका और फिर शुरू हुआ हवस का नंगा नाच!हम दोनों कई मर्दों से घिरी हुई थी.